
रायपुर। बंगाल की खाड़ी से उठे भीषण चक्रवाती तूफान ‘अर्नब’ के असर को देखते हुए केंद्र सरकार पूरी तरह मुस्तैद नजर आ रही है। केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने गुरुवार को छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय से फोन पर विस्तृत चर्चा की। गृह मंत्री ने राज्य में चक्रवात के असर, वर्षा की स्थिति और आपदा प्रबंधन की तैयारियों का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने संकट की किसी भी परिस्थिति से निपटने के लिए केंद्र की ओर से छत्तीसगढ़ को हरसंभव तकनीकी और वित्तीय सहायता उपलब्ध कराने का पूर्ण भरोसा दिया।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने केंद्रीय गृह मंत्री को आश्वस्त किया कि राज्य सरकार चक्रवात ‘अर्नब’ के संभावित खतरों पर 24 घंटे नजर बनाए हुए है। प्रदेश के कई इलाकों में चक्रवात के प्रभाव से लगातार वर्षा दर्ज की जा रही है, किंतु राहत की बात यह है कि राज्य में अब तक कहीं से भी गंभीर जलभराव, बाढ़ अथवा किसी प्रकार की जनहानि की सूचना नहीं मिली है। नदी-नालों के जलस्तर की निगरानी के लिए संबंधित जल संसाधन अधिकारियों और इंजीनियरों को फील्ड पर अलर्ट मोड में तैनात किया गया है।
प्रशासनिक अमला हाई अलर्ट पर
मुख्यमंत्री ने केंद्रीय गृह मंत्री को अवगत कराया कि प्रदेशवासियों की जान-माल की रक्षा राज्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। मौसम विभाग के ताजा पूर्वानुमानों को ध्यान में रखते हुए बस्तर, दुर्ग और रायपुर संभाग समेत संवेदनशील जिलों के कलेक्टरों और पुलिस अधीक्षकों को विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए जा चुके हैं। राज्य आपदा मोचन बल (SDRF) और राहत दलों को उपकरण व बोट्स सहित तैयार रखा गया है, ताकि आवश्यकता पड़ने पर तत्काल राहत और बचाव कार्य शुरू किए जा सकें।
इसके साथ ही स्वास्थ्य, विद्युत, और लोक निर्माण विभाग को भी आपसी समन्वय से काम करने को कहा गया है, जिससे बिजली गुल होने या सड़कें बाधित होने पर त्वरित बहाली संभव हो सके। ग्रामीण व निचले इलाकों में मुनादी कराकर नागरिकों को सुरक्षित रहने और उफनते नालों से दूर रहने की हिदायत दी जा रही है।
मुख्यमंत्री ने जताया आभार, केंद्र की चार राज्यों पर नजर
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने केंद्र सरकार की ओर से त्वरित संवेदनशीलता दिखाने और संकट के समय हरसंभव सहयोग का हाथ आगे बढ़ाने के लिए केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि केंद्र और राज्य के साझा प्रयासों से आपदा प्रबंधन की व्यवस्थाएं पूरी तरह चाक-चौबंद हैं।
उल्लेखनीय है कि चक्रवात ‘अर्नब’ के व्यापक प्रभाव को देखते हुए केंद्र सरकार लगातार तटीय और पड़ोसी राज्यों के संपर्क में है। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने छत्तीसगढ़ के अलावा ओडिशा, आंध्र प्रदेश और केंद्र शासित प्रदेश पुडुचेरी के मुख्यमंत्रियों व उपराज्यपाल से भी सीधे बातचीत कर वहां के हालात की समीक्षा की है। केंद्र ने राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (NDRF) की टुकड़ियों को स्टैंडबाय पर रखा है और संबंधित राज्यों को आवश्यकतानुसार अतिरिक्त संसाधन तुरंत एयरलिफ्ट करने का आश्वासन दिया है।




