CM नीतीश कुमार की करीबी ममता शर्मा पर FIR, गिरफ्तारी से पहले अधिकारी पति संजय संग फरार
नशा मुक्ति से जुड़ा संगठन चलाती है ममता शर्मा, पहले भी जा चुकी है जेल

रायपुर। खुद को समाजसेवी बताने वाली ममता शर्मा और उसके पति संजय शर्मा के खिलाफ धोखाधड़ी, गाली-गलौज, धमकी और गाड़ी हड़पने का गंभीर मामला दर्ज किया गया है। फरियादी अनिल कुमार साहू, निवासी ग्राम बरमपुर, थाना खड़गवां, ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई थी, जिसके आधार पर पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई शुरू कर दी है। ममता शर्मा को बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का करीबी बताया जाता है, उन्हीं के कहने पर नीतीश कुमार पहली बार छत्तीसगढ़ आए थे। संजय शर्मा ने पूर्व में लंबे समय तक माध्यमिक शिक्षा मंडल में उप सचिव की जिम्मेदारी संभाली है।
अनिल साहू के मुताबिक, वर्ष 2021 में ममता शर्मा ने उसकी पत्नी पुनीता साहू की जमानत दिलाने के नाम पर उसे झांसे में लिया और एक स्टांप पेपर पर हस्ताक्षर करवा लिए। इसके बाद, ममता और संजय शर्मा ने अनिल की होंडा सिटी कार (क्रमांक ब्ळ 16ब्श्र 2795) और पिकअप (क्रमांक ब्ळ 16। 2496) को धोखाधड़ी से अपने कब्जे में ले लिया। जब अनिल ने अपनी गाड़ी वापस मांगी तो आरोपियों ने उसे धमकाया, गालियां दीं और जान से मारने की चेतावनी तक दे डाली।
फरियादी ने इस पूरे मामले की शिकायत पुलिस से की, जिसके बाद जांच में आरोप सही पाए गए। गवाहों ने भी पुलिस के सामने इस धोखाधड़ी की पुष्टि की है। पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर ममता शर्मा और संजय शर्मा को गिरफ्तार करने के लिए उनके रायपुर स्थित आवास पर दबिश दी, लेकिन दंपति फरार हो चुके हैं। फिलहाल पुलिस दोनों आरोपियों की तलाश में जुटी हुई है।

इस मामले को लेकर शहर में चर्चाओं का बाजार गर्म है, क्योंकि ममता शर्मा खुद को समाजसेवी के रूप में पेश करती थी और लोगों की मदद का दावा करती थी। लेकिन इस मामले के उजागर होने के बाद उसकी असलियत सामने आ गई है। पुलिस इस मामले की तह तक जाने और अन्य पीड़ितों के सामने आने की संभावना को भी खंगाल रही है। बता दें में ममता शर्मा पर पहले भी जेल जा चुकी है। बेटे पर भी नशे से जुड़े मामलों में एफआईआर दर्ज हैं।



